खास बातें:-
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आप जोड़ के प्रधानमंत्री है या तोड़ के प्रधानमंत्री
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मोदी की सरकार भी अपनी असफलता को लेकर बहाना बना रही है
रांचीः कांग्रेस की स्टार प्रचारक प्रियंका गांधी ने भारतीय जनता पार्टी नेतृत्व वाली केंद्र की एनडीए सरकार पर जमकर निशाना साधा. पीएम नरेंद्र मोदी यह स्पष्ट करने की चुनौती दी कि वे देश के प्रधानमंत्री या बंटवारे के प्रधानमंत्री है, फिर कहा आप जोड़ के प्रधानमंत्री है या तोड़ के प्रधानमंत्री है.
इस सवाल का उनके पास कोई जवाब नहीं है. प्रधानमंत्री को संथाल परगना कानून, भूख से हो रही मौत, बेरोजगारी, महिलाओं के साथ बलात्कार , भ्रष्टाचार और चौपट व्यापार पर भी बोलने की चुनौती दी.
उन्होंने कहा है कि जिस तरह से परीक्षा में फेल होने वाला बच्चा अपनी असफलता को लेकर बहाना बनाता है, ठीक उसी तरह से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार भी अपनी असफलता को लेकर बहाना बना रही है और इसके लिए कांग्रेस को जिम्मेवार ठहरा रही है. प्रियंका गांधी बुधवार को पाकुड़ में आयोजित जनसभा में बोल रही थी.
युवाओं को रोजगार देने में रहे विफल
प्रियंका गांधी ने कहा कि नरेंद्र मोदी युवाओं को रोजगार देने में विफल रहे, बहाना कांग्रेस, अर्थव्यवस्था को मजबूती देने में फेल हुए, बहाना कांग्रेस, किसान को सक्षम बनाने में फेल, छात्रों की आवाज सुनने में फेल, महिलाओं को सुरक्षा देने में फेल, छोटे दुकानदारों को संरक्षण देने और सबको भोजन और पानी में देने में फेल रही, सबके लिए कांग्रेस को जिम्मेवार ठहरा रही है.
उन्होंने कहा कि पांच वर्षां में भाजपा नेतृत्व वाली केंद्र और राज्य सरकार की ओर से सिर्फ खोखले भाषण दिये गये, झूठ परोसा गया, फूट डालकर राज करने की कोशिश की गयी. उन्होंने कहा कि भाजपा प्रचार में हीरो है, लेकिन काम में जीरो है.
1600 करोड़ रुपये से एनआरसी करवाया, लाखों भारतीयों का नाम छूट गया
प्रियंका ने कहा कि जब देश की अर्थव्यवस्था की बात हुई, तो केंद्र सरकार नये-नये कानून लेकर आ रही है. असम में 1600 करोड़ रुपये की लागत से एनआरसी करवाया, उसमें लाखों भारतीयों का नाम छूट गया, असम के लोगों ने जब विरोध किया, तो उनपर गोलियां चलवायी गयी.
झारखंड राज्य का गठन हजारों कुर्बानियों से हुआ है, यहां की पहचान जल, जंगल और जमीन है. नदियां, झरने, तालाब और जमीन सब आपके है, जब भी मां और मिट्टी को चुनौती देने की कोशिश हुई, यहां के लोग कभी चुप नहीं बैठे, यह हमें सिद्धो-कान्हू की धरती सिखाया है.
जब भी अस्तित्व और आत्मा पर हुआ, वीर सपूतों ने अपनी कुर्बानियां दी है. भाजपा सरकार में अस्तित्व और आत्मा पर हमला हुआ है.
उन्होंने कहा कि जंगल के रंग हजार होते है, लेकिन भाजपा ने यहां के लोगों की जमीन छिनने की कोशिश की, भाजपा ने सीएनटी-एसपीटी कानून को खत्म करने की कोशिश की, लेकिन लोगों के मुखर विरोध के कारण वे अपने मकसद में सफल नहीं हुए.

