रांची: रांची के तमाड़ थाना क्षेत्र में पुंडीदीरी से बघई रोड में नक्सलियों ने कई जगह पर पोस्टरबाजी की. नक्सलियों द्वारा किये गये पोस्टरबाजी में विगत 29 जून को देवानंद सिंह मुंडा की हत्या की घटना की जिम्मेवारी ली गयी है. देवानंद सिंह मुंडा की अपराधियों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी. पुलिस ने पोस्टर जब्त कर मामले की जांच में जुटी है.
ग्रामीण पुलिस अधीक्षक नौशाद आलम ने बताया कि नक्सलियों की इस करतूत से अब यह साफ हो गया है कि माओवादियों ने ही देवानंद सिंह मुंडा की हत्या की घटना को अंजाम दिया है.
उन्होंने कहा कि अब लोग माओवादियों को पूरी तरह से नकार कर रहे है और जल्द ही इलाके से नक्सलियों का पूरी तरह से सफाया होगा. उन्होंने हिंसा का रास्ता छोड़ कर सभी से मुख्य धारा में शामिल होने की भी अपील की.
बताया गया है कि तमाड़ थाना क्षेत्र के पुंडीदीरी से बघई रोड तक करीब 6 किलोमीटर की दूरी तक माओवादियों ने पोस्टर चिपका दिया. उन्होंने पोस्टर के माध्यम से दो दिनों पूर्व एक पुलिस मुखबीर की गोली मारकर हत्या करने की जिम्मेदारी ली है. इसके बाद से ग्रामीणों में दहशत हैं.
वहीं पुलिस को सूचना मिलने के बाद पोस्टर को जब्त कर लिया. सिर पर चार गोली मारी गई थी. गौरतलब है कि 29 जून को तमाड़ थाना क्षेत्र में दिन दहाड़े पुलिस मुखबिर सह एसपीओ देवानंद सिंह मुंडा उर्फ देवान को नजदीक से सिर पर चार गोली मारी गई थी. इससे उसकी मौके पर मौत हो गई थी.
वहीं, साथ में बाइक चला रहा उसका दोस्त राजीव साहू को पीठ पर एक गोली लगी थी. यह भी जानकारी मिली थी कि देवानंद पूर्व में माओवादी नक्सली था जो मुख्यधारा में लौट कर पुलिस के लिये एसपीओ बना मुखबिरी का काम करता था. उसके भाई अजय मुंडा ने बताया कि वह पुलिस के लिए खबरी का काम करता था जो माओवादियों को खटकने लगा था.

