- भूख की स्थिति उत्पन्न न हो, दवा व अन्य आवश्यक वस्तुएं उपलब्ध कराएं-सीएम
- सीएम ने उपायुक्तों के साथ वीडियो कांफ्रेसिंग की, कहा-हाट-बाजार लगने दें, बाजार में सिर्फ सब्जी, खाद्यान्न व आवश्यक वस्तु की दुकान लगेगी
रांची: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा है कि सभी सतर्क रहे इस बात का ध्यान रखें. लोगों में किसी तरह का डर का माहौल न बन.
आज रात से पूरे देश में लोगों के स्वास्थ्य की रक्षा और उन्हें सुरक्षित रखने के लिए बाहर निकलने पर पूर्ण रूप से पाबंदी लगा दी गई है. आप सभी लोग तैयार रहें.
राज्य की किसी भी व्यक्ति को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े. यह सुनिश्चित कर लें. भूख की स्थिति उत्पन्न न हो.
लोगों को दवा समेत अन्य जरूरी सामान उपलब्ध हो. मुख्यमंत्री झारखंड मंत्रालय में राज्य के सभी जिला के उपायुक्तों से लॉक डाउन के दूसरे दिन की स्थिति की समीक्षा वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से कर रहे थे.
क्वारंटाइन सेंटर में सभी को अलग अलग रखें
मुख्यमंत्री ने कहा कि क्वारंटाइन में सभी को अलग अलग रखने की व्यवस्था होनी चाहिए. ताकि पीड़ित को किसी तरह की परेशानी न हो. इसके लिए होटल, हॉस्टल, खाली पड़े भवन को इसके लिए तैयार करें.
मुख्यमंत्री ने सभी उपायुक्तों को निदेश दिया कि झारखण्ड के विभिन्न जिले कई राज्यों की सीमा पर स्थित हैं. ऐसे में सैकड़ों की संख्या में मजदूर झारखण्ड स्थित अपने घर लौट रहें हैं और लॉक डाउन की स्थिति में वे सीमावर्ती क्षेत्रों में फंस गए हैं.
इन सभी मजदूरों व अन्य को उनके गंतव्य तक पहुंचाने में मदद करें. इसको आप सभी गंभीरता से लें. परिवहन के लिए वाहन की व्यवस्था भी करें.
होम क्वारंटाइन नहीं सरकार के क्वारंटाइन में रहेंगे
मुख्यमंत्री ने कहा कि होम क्वारंटाइन में लोगों की सही निगरानी नहीं हो सकती. ऐसे लोग दूसरों के संपर्क में आएंगे, जिससे आनेवाले समय में समस्या उत्पन्न हो सकती है.
सभी जिला के उपायुक्त यह सुनिश्चित करें कि बाहर से आनेवाले लोगों को सरकार की निगरानी में 14 दिनों तक रखा जाए. उनके लिए पूरी व्यवस्था करें. भय का माहौल नहीं बने.
बस जागरूक कर उन्हें अपनी निगरानी में रखें. पंचायत भवन, प्रखंड स्थित भवन में ऐसे लोगों को रखने की व्यवस्था करें.
मुख्यमंत्री ने उपायुक्तों को निदेश दिया कि ग्रामीण क्षेत्रों में बाजार-हाट लगने दें. लेकिन इसमें इस बात का ध्यान रखें कि बाजार में सब्जी, फल, खाद्यान्न, मसाला समेत आवश्यक वस्तु की ही बिक्री हो. कपड़ा, खानेपीने की दुकानें नहीं लगे। दुकानों में कम से कम 20 फ़ीट का फासला हो.

