रांची: कांग्रेस के राज्यसभा सांसद धीरज साहू को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत मिली है. सुप्रीम कोर्ट ने धीरज साहू के निर्वाचन को चुनौती देनेवाली याचिका को खारिज कर दिया है. बता दें कि प्रदीप संथालिया द्वारा राज्यसभा सांसद धीरज साहू के निर्वाचन को पहले झारखंड हाईकोर्ट और उसके बाद सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी गयी थी.
17 जनवरी को झारखंड हाईकोर्ट ने खारिज की थी याचिका
जानकारी के अनुसार, 17 जनवरी 2020 को सांसद धीरज साहू को झारखंड हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली थी. हाईकोर्ट ने साहू के चुनाव को चुनौती देने वाली याचिका को खारिज कर दिया था.
जस्टिस अनंत विजय सिंह की कोर्ट ने मामले में सभी पक्षों को सुनने के बाद सांसद धीरज साहू के चुनाव को चुनौती देने वाली याचिका को खारिज कर दिया था. अदालत ने याचिका में चुनाव आयोग को पार्टी नहीं बनाने और रिकाउंटिंग की मांग नहीं किए जाने और अन्य बिंदु पर आपत्ति दर्ज करते हुए याचिका को खारिज कर दिया था.
बीजेपी नेता प्रदीप संथालिया ने दी थी चुनौती
बता दें कि बीजेपी नेता प्रदीप संथालिया ने धीरज साहू के चुनाव को हाईकोर्ट में चुनौती दी थी. साल 2018 में राज्यसभा चुनाव में बीजेपी के प्रत्याशी प्रदीप संथालिया थे और कांग्रेस के प्रत्याशी धीरज साहू थे. धीरज साहू जीत गए थे और प्रदीप संथालिया हार गए थे. प्रदीप संथालिया ने उनके चुनाव को चुनौती देते हुए यह कहा था कि उनकी जीत गलत है.
संथालिया ने आरोप लगाया था कि जेएमएम के विधायक अमित महतो ने जिस दिन राज्यसभा चुनाव में जो मत दिया था, उसी दिन रांची सिविल कोर्ट से उन्हें सजा दी गई थी. जिसके बाद उनकी सदस्यता समाप्त हो गई थी. संथालिया का कहना था कि अमित महतो के मत की गिनती नहीं की जानी चाहिए थी. इसी को देखते हुए प्रदीप संथालिया ने सांसद धीरज साहू के चुनाव को चुनौती दी थी.

