रांची: रांची के मोरहाबादी मैदान में गणतंत्र दिवस के अवसर पर विभिन्न विभागों ने झांकियों के माध्यम से समाज को संदेश देने के लिए अपनी प्रस्तुति दी. जिसमें ताना भगत समुदाय ने पहल करते हुए राज्यपाल द्रौपदी मुर्मू एवं आए हुए अतिथियों के सामने अपने झांकी की प्रस्तुति दी.
इन झांकियों को किया गया पुरस्कृत
गणतंत्र दिवस में भाग लिए झांकियों में से प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय पुरस्कार से सम्मानित किया गया. जिसमें प्रथम पुरस्कार लघु एवं कुटीर उद्योग, द्वितीय पुरस्कार पर्यटन एवं कला संस्कृति विभाग, और तृतीय पुरस्कार सूचना एवं जनसंपर्क विभाग तथा वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग को पुरस्कृत किया गया.
झांकियों में पारम्परिक संस्कृति, टाना भगत समुदाय की अहिंसा में आस्था, ब्रिटिश सत्ता के खिलाफ उनके सत्याग्रह अहिंसक आंदोलन के साथ झारखंड जगुआर पुलिस ने तिरंगे को लहराते हुए सेवा ही लक्ष्य है को प्रदर्शित किया. बांस के आर्थिक महत्व, बिरसा आंदोलन, वर्षा जल के संरक्षण आदि को दर्शाया गया.
लघु एवं कुटीर उद्योग
लघु एवं कुटीर उद्योग के द्वारा बांस के महत्व को बखूबी दिखाया गया जिसमें बांस है तो सांस है, बांस का कारोबार, गांव का स्वरोजगार , बांस लगाओ पैसा कमाओ , पर्यावरण बचाओ बांस लगाओ जैसे स्लोगन के माध्यम से झारखंड में बांस के महत्व को दर्शाया गया.
पर्यटन एवं कला संस्कृति विभाग
झारखंड की संस्कृति में कला नृत्य की एक अहम भूमिका है जिसके लिए तरह-तरह के वाद्य यंत्रों का इस्तेमाल सदियों से होता आया है. पर्यटन एवं कला संस्कृत विभाग के द्वारा निकाली गई झांकी में इसका साफ प्रदर्शन दिखा जिसमें ढाक ,ढोल, मांदर, बांसुरी ,मुरली शहनाई, घुंघरू इत्यादि वाद्य यंत्रों के माध्यम से विरासत में मिली पारंपरिक संस्कृति को प्रदर्शित किया गया.
सूचना एवं जनसंपर्क विभाग
सूचना एवं जनसंपर्क विभाग की झांकी के द्वारा बिरसा आंदोलन को दर्शाया गया. जिसमें आर्थिक, सामाजिक, सांस्कृतिक, भूमि से लेकर ,धर्म संबंधी तमाम समस्याओं के खिलाफ जन संघर्ष को कलाकारों के द्वारा प्रदर्शित किया गया.
वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग
इस झांकी में कलाकृतियों के माध्यम से वर्षा के जल को किस प्रकार संरक्षित किया जाए ताकि भविष्य में पानी की होने वाली किल्लत से बचा जा सके इसे दर्शाया गया. पानी की समस्या को देखते हुए घर ,स्कूल और हर कार्यालय में कैसे वर्षा के जल को संरक्षित किया जाए इसे बताया गया.
पेयजल एवं स्वच्छता विभाग
प्रकृति में जल के महत्व को समझाने के लिए झांकी के माध्यम से विभिन्न स्लोगन का प्रयोग किया गया. इस झांकी में महिलाओं के लिए इज्जत घर की अहमियत को बखूबी दिखाया गया. साथ ही कुवां नहर खेती में जल की अहमियत को दर्शाया गया है.
खेलकूद एवं युवा विभाग
कोल्हान का स्थानीय खेल सेकोर पहली बार झारखंड के राजकीय गणतंत्र दिवस समारोह में दिखाई दिया. सेकोर खेल आदिवासी समाज के परंपरा से जुड़ा हुआ है. इसके लिए पश्चिम सिंहभूम की टीम ने झांकी के माध्यम से इस खेल को बखूबी लोगों के सामने रखा. इस खेल में 7-7 खिलाड़ियों की टीम होती है. इस खेल में लकड़ी के बने लड्डू होते हैं जिसका निर्माण कुसुम की लकड़ी से किया जाता है जिसे रस्सी के साथ बांधकर जोर से घुमाकर धरती पर फेंका जाता है.
महिला बाल विकास एवं सामाजिक सुरक्षा विभाग
गर्भधारण से बच्चे के जन्म तक मॉडल आंगनबाड़ी केंद्र किस तरह मददगार है झांकी के माध्यम से दिखाया गया. इस झांकी को पोषण अभियान एक सतरंगी आयाम से सजाया गया.
स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग
स्कूली बच्चों और शिक्षकों के द्वारा इस झांकी में गुणवत्ता शिक्षा की बदलते कदम को दर्शाने का प्रयास किया गया, जिसमें अभिभावक शिक्षा दिवस, डिजिटल एवं गुणवत्ता शिक्षा की ओर बढ़ते कदम, गुणवत्ता शिक्षा और बच्चों का अधिकार इत्यादि स्लोगन का इस्तेमाल कर डिजिटल महत्वता को समझाया गया.
झारखंड राज्य खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड
झांकी की खासियत बापू की प्रतिमा को चरखे के साथ बापू के सोच को सबके सामने रखा. बापू के खादी के प्रति प्रेम ही था जो उन्हें नर्वल के गणेश सेवा आश्रम तक ले गया. झांकी के जरिए बदलते वक्त के साथ खादी ने भी अपने रूप में परिवर्तन किया है. जिसे युवा वर्ग भी काफी पसंद कर रहा है. खादी के डिजाइंस ने यह साबित कर दिया की खादी वस्त्र नहीं विचारधारा है.
तेजस्विनी क्लब
तेजेस्विनी क्लब ने अपनी झांकी में बच्चियों और महिलाओं के द्वारा महिला सशक्तिकरण को प्रदर्शित किया. उनके द्वारा ये प्रयास किया गया कि हम तोड़ेंगे कुपोषण का चक्र जिसके लिए हमें अब सजग, सशक्त और समृद्ध बनने की जरूरत है.
मंत्रिमंडल निर्वाचन विभाग
घर घर अलख जगायेंगे मतदाता जागरूक बनाएंगे स्लोगन के माध्यम से मतदाताओं को जागरूक करने का प्रयास किया गया. मंत्रिमंडल निर्वाचन विभाग की झांकी में यह साफ दिखाया गया कि कैसे स्कूल कॉलेजों और ऑफिसों में जागरूकता अभियान चलाकर मतदाताओं को जागरूक किया जाता है.
ग्रामीण विकास विभाग
गणतंत्र दिवस के समारोह में महिला लोक प्रेरक के माध्यम से गांव के विकास से ही राज्य एवं देश का विकास तय होता है या दिखाने का प्रयास किया गया. ग्रामीण विकास विभाग की झांकी ने ग्राम स्वालंबन योजना को प्रदर्शित की. वन रक्षाबंधन, श्रमदान महादान, ग्राम सभा ने ठाना है ग्राम स्वालंबन अपनाना है के स्लोगन से झांकी को सजाया गया.
जरेडा ऊर्जा विभाग
ऊर्जा विभाग की झांकी में सौर ऊर्जा के प्रयोग को दर्शाया गया है जिन जगहों पर बिजली की समस्याएं होती है उस स्थान पर किस तरह से सौर ऊर्जा से घरों की बिजली ,खेतों में पानी और सड़कों पर स्ट्रीट लाइट की व्यवस्था की जाती है इसे दिखाने का प्रयास किया गया.
स्वास्थ्य चिकित्सा शिक्षा एवं परिवार कल्याण विभाग
स्वास्थ्य चिकित्सा शिक्षा एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा स्वच्छ झारखंड और सुखी झारखंड बना रहे इसके लिए पीएलए की बैठक में महिलाओं को प्रसव संबंधी जानकारियां दी जाती है जिससे जच्चा बच्चा सुरक्षित रहे. इसमें महिलाओं कों प्रसव के दौरान अस्पताल की सुविधा देते हुए झांकी में दिखाया गया. झांकी में 30 जनवरी से 13 फरवरी तक चलने वाले स्पर्श कुपोषण जागरूकता अभियान का प्रचार भी किया गया.
कृषि पशुपालन एवं सहकारिता विभाग
किसानों को आय बढ़ाने, उनकी क्षमता विकास तथा कृषि के नई तकनीकों के विकास के लिए कई सारी योजनाओं का लाभ दिया जा रहा है जिनसे कृषि और किसानों का विकास हो रहा है इन चीजों को झांकी की कलाकृति के माध्यम से प्रदर्शित किया गया.

