उत्तर प्रदेश: बहुप्रतिक्षित ऐतिहासिक अयोध्या फैसले को लेकर अब तक रंजन गोगोई की अगुवाई वाली पांच जजों की संविधान पीठ ने कई बातें कही है. जिनमें महत्वपूर्ण बातें इस प्रकार है-
सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि मंदिर वहीं बनेगा.
- 1949 में दो मूर्तियां रखी गई.
- एएसआई ने इदगाह कि बात नहीं कही.
- यह श्रीराम की जन्म भूमि है.
- मस्जिद हिन्दू मंदिर के ढ़ांचे के ऊपर बनाया गया था.
- बाबर के दौर में मिर कासिम के द्वारा मस्जिद बनवाई गई थी.
- सीता रसोई की पूजा अंग्रेजों के आने के पहले से होती रही है.
- हिन्दुओं की आस्था के गलत होने की कोई सबूत नहीं.
- खुदाई में इस्लामिक ढ़ांचे के कोई सबूत नहीं मिले.
- बाबरी मस्जिद खाली जमीन पर नहीं बनाई गई थी.
- राम लला के विराजमान की मान्यता सुप्रीम कोर्ट ने दी.
- 1885 के पहले रामचबुतरा पर हिन्दूओं का अधिकार.
- 18वीं सदी तक नमाज पढ़ने का कोई सबूत नहीं.
- अयोध्या में रामजन्म का कभी किसी ने विरोध नहीं किया.
- एएसआई ऐसा कोई सबूत नहीं दे पाया कि वहां मंदिर था.
- विवादित जमीन का बंटवारा नहीं किया जायेगा.
- मुस्लिम पक्ष को दूसरी जगह जमीन देने का आदेश.
- सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि इलाहाबाद हाईकोर्ट का फैसला 3 हिस्सों में बांटना तर्कसंगत नहीं था.

