रांची : गिरिडीह के सांसद चंद्र प्रकाश चौधरी की अध्यक्षता में आज गोमिया प्रखंड अंतर्गत सीसीएल रजरप्पा प्रोजेक्ट भेज टू धवैया एवं पचमो केबीपी प्रोजेक्ट चालू करने को लेकर बैठक हुई. यह बैठक राजधानी के दरभंगा हाउस के सभागार में सीसीएल के सीएमडी गोपाल सिंह, गोमिया विधायक डॉ. लंबोदर महतो एवं रैयत विस्थापितों के बीच हुई. इस बैठक में रैयतों को एक कमेटी बनाने को कहा गया है. यह कमेटी सही गलत का पहचान करेगी. इसके साथ ही रैयती जमीन का जो पैसा ट्रिब्यूनल में जमा है उसे रै यतों के बीच शीघ्र भुगतान करने, 570 एकड़ रैयत जमीन प्रोजेक्ट में चला गया है उसमें से 270 रैयत को शीघ्र नौकरी देने की कार्रवाई करने, मूल निवासी जिनके पास सरकारी गैरमजरूआ जमीन का पेपर एवं पोजीशन है उन्हें सरकारी मान्यता देने की कार्रवाई करने , रजरप्पा प्रोजेक्ट फेज टू धवैया का नाम बदलकर धवैया सिमरा बेड़ा प्रोजेक्ट रखने और लोकल सेल व डीओ में शत प्रतिशत स्थानीय लोगों देने पर सहमति बनी है।
बैठक के प्रारंभ में ट्रेजरी का पैसा अतिशीघ्र वापस हो, लोकल सेल एवं डी ओ का अधिकार धवैया के ग्रामीणों को शत-प्रतिशत दिया जाए, रैयती, गैरमजरूआ, भूदान वन भूमि पट्टा व सारी भूमि को एक बार में ही लेकर रैयत मान्यता दिलाई दी जाए, चल अचल संपत्ति का भौतिक जांच कराकर मुआवजा निर्धारित कर भुगतान किया जाए, मौजूदा दर पर सारी संपत्ति का मुआवजा उच्च कोटि की राशि के आधार पर दी जाए और प्रत्येक विस्थापितों को घर के बदले एक नौकरी दी जाए सहित 16 सूत्री मांगो को लेकर चर्चा हुई।
बैठक में दोनों प्रोजेक्ट के विस्थापित रैयत भी शामिल हुए। रैयत रातू मांझी, तेज लाल महतो, उमेश महतो, दीवान महतो, रामसेवक करमाली, पूनम देवी, गोपाल करमाली, दिनेश मांझी, कुलेश्वर महतो, जगदीश रविदास, आबिद अंसारी,नरेश हांसदा, सहदेव महतो , सन्नू मांझी, धनेश्वर महतो, छट्टू महतो, बाबूदास मांझी, धनेश्वर महतो, शकील अंसारी एवं सिराज अंसारी संख्या में सहित बड़ी संख्या में रैयत शामिल हुए।

