योग्य लाभुकों को मिला आवास, किसी को मिला छात्रवृत्ति,तो किसी का ऑनलाइन रसिद हुआ निर्गत
मेदिनीनगर:- पलामू जिले के विभिन्न स्थानों से जनता दरबार में पहुंचने वाले फरियादियों की शिकायतों का निपटारा करने को लेकर जिला प्रशासन के पदाधिकारी रेस हो गये हैं.
जनता दरबार में प्राप्त कई मामलों का 15 दिनों के भीतर समाधान कर निष्पादित किया जा चुका है.
उपायुक्त के जनता दरबार में सदर प्रखंड से पेंशन संबंधित मामलों को स्वीकृति प्रदान करने में सदर प्रखंड विकास पदाधिकारी अज़फर हसनैन ने सक्रियता दिखाते हुए एक साथ आठ आवेदनों को स्वीकृत प्रदान की है.वहीं विशेष शिविर के तहत कुल 496 पेंशन के आवेदन स्वीकृत किये गये है.उनके द्वारा जनवरी से लेकर अबतक कुल 595 पेंशन संबंधित आवेदनों को स्वीकृति प्रदान की गयी है.
वहीं प्रखंड के कई अन्य आवेदनकर्ता जो उम्र सीमा की अहर्ता पूर्ण नहीं करते थे उनका आवेदन निरस्त कर दिया गया है. इस विषय पर उपायुक्त ने सभी बीडीओ से आपस मे स्वस्थ प्रतिस्पर्धा रखते हुए कार्य करने की बात कही.
इन मामलों को भी किया गया निष्पादित
विश्रामपुर प्रखंड के ग्राम पचघारा खुर्द निवासी संजय कुमार यादव ने शियाकत की थी कि उनका खाता नो-02 प्लाट संख्या 74 जो कुल रकबा 0.21 एकड़ है .उक्त भूमि का ऑनलाइन लगान रसीद निर्गत नहीं हो रहा है.उपायुक्त ने विश्रामपुर के अंचलाधिकारी को मामले का निष्पादन करने का निर्देश दिया था.इस पर अंचलाधिकारी द्वारा सक्रियता दिखाते हुए उक्त भूमि का लगान रसीद निर्गत कर मामले का निष्पादन कर दिया गया.
इसी तरह सदर प्रखंड के सूआ पंचयात निवासी राजेश्वर सिंह ने उपायुक्त से खुद को दिव्यांग व्यक्ति बताते हुए प्रधानमंत्री आवास देने की मांग की थी उक्त मामले में डीसी ने सदर बीडीओ को पत्रचार कर आवास देने हेतु उचित कार्रवाई करने का निर्देश दिया था,उपायुक्त के निर्देश मिलते ही सदर बीडीओ ने सक्रियता दिखाते हुए आवेदनकर्ता के आवेदन का भौतिक सत्यापन कराया जिसके आधार पर उन्होंने दिनांक 13 मार्च को उपायुक्त से आवास की स्वीकृति देने हेतु अनुशंसा की वहीं 15 मार्च को उपायुक्त द्वारा आवास की स्वीकृति प्रदान कर दी गयी इसी तरह 48 घण्टे के भीतर राजेश्वर सिंह को आवास का लाभ दे दिया गया.
इसी तरह रेड़मा के रबिंद्र तिवारी को लोकसभा चुनाव में कार्य कराए जाने के बाद अपने वाहन का भुगतान नहीं होने व परिवहन विभाग द्वारा लॉग बुक भुलवा देने से संबंधित शिकायत थी जिसका समाधान परिवहन विभाग द्वारा विपत्र तैयार कर भुगतान हेतु खाता संख्या एवं प्थ्ैब् कोड की सूची निर्वाचन विभाग को भेज कर दिया गया.
इसी तरह स्व गृह रक्षक रजिउल्लाह की पत्नी ने उपायुक्त से अनुग्रह अनुदान राशि का भुगतान करने एवं अनुकंपा के आधार पर गृह रक्षक के रूप में नामांकन करने हेतु अनुरोध किया था. जनता दरबार में मामला आते ही आश्रित पत्नी बिल्किस खातून को अनुग्रह अनुदान राशि का भुगतान कर दिया गया वहीं अनुकंपा के आधार पर नियुक्ति हेतु झारखंड गृह रक्षा वाहिनी पलामू इकाई द्वारा गृह रक्षा वाहिनी मुख्यालय रांची को अनुशंसा हेतु पत्रचार किया गया है.
इसी तरह पाण्डवा के गाड़ीखास के रहने वाले अखिलेश महतो ने छात्रवृत्ति की राशि का भुगतान नहीं होने से संबंधित शिकायत की थी जिसके बाद जनता दरबार के माध्यम से उनका छात्रवृत्ति की राशि उनके आधार से संबंधित बैंक खाता में भेज दिया गया.
उपरोक्त के अलावे कई अन्य मामलों का निष्पादन भी किया गया.
अयोग्य लाभुकों का आवास सूची से काटा गया नाम
किराना दुकान संचालक एवं आटा चक्की मिल का मालिक जोड़ निवासी अनिल कुमार तिवारी द्वारा प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण का गलत प्रतिवेदन देकर अयोग्य घोषित करने का आरोप लगाया गया था जिसके बाद उपायुक्त द्वारा पूरे मामले की जांच कराई गयी जांचोपरांत मामले को सही पाया गया जिसके बाद अनिल कुमार तिवारी का नाम रिमांड प्रक्रिया के माध्यम से हटा दिया गया.
इसके अलावे कई अन्य अयोग्य लाभुकों का नाम आवास सूची से हटाया गया.
उपयुक्त शशि रंजन ने जिले के पदाधिकारियों से जनता दरबार में प्राप्त होने वाले आवेदनों को प्राथमिकता देते हुए तय समय सीमा के अंदर निष्पादन करने का निर्देश दिया है.ज्ञात हो कि उपायुक्त रंजन के द्वारा मंगलवार एवं शुक्रवार को जनता दरबार का आयोजन किया जाता है. इस मौके पर जन शिकायतें सुनी जाती है.

