भोपाल: दिग्विजय सिंह ने आरोप लगाया कि भाजपा सत्तारूढ़ कांग्रेस के विधायकों को पैसे से खरीदने की कोशिश कर रही है. दिग्विजस सिंह के आरोपों को सही बताते हुए मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ ने मंगलवार को कहा कि वे “सच कह रहे थे.”
हालांकि, उन्होंने अपनी सरकार की स्थिरता पर विश्वास व्यक्त जताया और कहा कि सरकार कोई खतरा नहीं है. वहीं कांग्रेस विधायक वैद्यनाथ कुश्वाहा ने भी दावा किया है कि शिवराज सिंह चौहान, नरोत्तम मिश्रा और नरेंद्र तोमर ने उन्हें 25 करोड़ रुपए का ऑफर किया था. अब इसपर पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान का बयान आया है.
चौहान ने कहा कि दिग्विजय सिंह झूठ बोलकर सनसनी फैलाने के लिए जाने जाते रहे हैं. चौहान ने कहा, “शायद उनका काम पूरा नहीं हुआ और वह कमलनाथ पर दबाव बनाने की कोशिश कर रहे हैं. उसके दिमाग में क्या चलता है, यह कोई नहीं जानता. वह हमेशा कोई न कोई चाल चलते रहते हैं.”
उन्होंने कहा कि कांग्रेस में इतने गुट हैं कि आपस में ही मारा-मार मची हुई है. आरोप हम पर लगाते हैं इसका अर्थ क्या है? हमने पहले भी कहा है कि भाजपा ऐसी किसी गतिविधि में शामिल नहीं है.
शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि बीजेपी नहीं चाहती कमलनाथ सरकार गिरे, लेकिन अगर सरकार खुद ब खुद गिर रही है तो हम क्या करें. शिवराज सिंह चौहान ने यह भी कहा कि कमलनाथ सरकार में किसान, बच्चे, माताएं-बहनें सब परेशान हैं. पूरा प्रदेश त्राहि-त्राहि कर रहा है.
कांग्रेस के विधायक सरकार से खुद परेशान हैं. शिवराज सिंह चौहान ने दिग्विजय सिंह के आरोपों को लेकर कहा, उनका काम केवल आरोप लगाना है. दिल्ली आने की बाबत शिवराज सिंह चौहान ने कहा, मेरा तो दिल्ली आना-जाना लगा रहता है.
मध्य प्रदेश में 230 विधानसभा सीटें हैं. 2 विधायकों का निधन होने से वर्तमान में 228 सदस्य हैं. कांग्रेस के पास 115 विधायक हैं. इसके अलावा 3 निर्दलीय विधायक, 2 बीएसपी और 1 एसपी विधायक का भी समर्थन मिला हुआ है. वहीं बीजेपी के पास 107 विधायक हैं.
