सरायकेला-खरसावां: एक ओर जहां केंद्र और राज्य सरकार बच्चों को शिक्षित करने को लेकर विभिन्न प्रकार की योजनाओं को चलाकर करोड़ों रुपये पानी की तरह बहा रही है. वहीं दूसरी ओर सरायकेला-खरसावां जिले के कुकड़ू प्रखंड के एक स्कूल में पेयजल की सुविधा नहीं होने के कारण स्कूल की रसोईया एक किलोमीटर दूर से पानी लाकर मिड डे मील बना रही है.
हर दिन मिड डे मील के लिए रसोइया को संघर्ष करना पड़ता है. जनप्रतिनिधियों को इससे कोई लेना देना नहीं है ना ही सरकारी तंत्र इस दिशा में कभी कोई पहल करती नजर आ रही है. आलम यह है कि स्कूल के शिक्षक और बच्चे बूंद- बूंद पानी के लिए जद्दोजहद करते नजर आते हैं.
आपको बता दें कि इस सरकारी स्कूल में 40 से भी अधिक बच्चे वर्तमान में पढ़ रहे हैं और 15 दिनों के बाद भीषण गर्मी पड़नेवाली है, ऐसे में आप समझ सकते हैं कि आनेवाले दिनों में यहां के बच्चों को क्या परेशानी हो सकती है.
फिलहाल हम सरकार तक इस स्कूल की परेशानियों को पहुंचाने का प्रयास कर रहे हैं. साथ ही स्थानीय जनप्रतिनिधियों का भी ध्यान आकर्षित करने का प्रयास कर रहे हैं, ताकि जल्द से जल्द इस स्कूल की समस्या का निराकरण हो सके.

