शाहपुर के बिरसा नगर में उज्ज्वला गृह का हुआ उद्घाटन
मेदिनीनगर: पलामू प्रमंडल झारखंड अंतर्गत मानव तस्करी की शिकार महिला, बच्चों के रोकथाम, बचाव, पुनर्वास, पुनः एककीकरण के उद्देश्य से गुरुवार को शाहपुर के बिरसा नगर में उज्ज्वला गृह का उद्घाटन प्रशिक्षु आईएएस सह सहायक दण्डाधिकारी दिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने रिबन काट कर तथा दीप प्रज्वलित कर किया.
मौके पर प्रशिक्षु आईएएस सह सहायक दण्डाधिकारी दिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने मानव तस्करी को निपटाने हेतु सामूहिक प्रयास करने पर बल दिया है. इसी क्रम में महिला, बाल विकास एवं सामाजिक सुरक्षा विभाग झारखंड सरकार तथा महिला एवं बाल विकास विभाग भारत सरकार के सौजन्य से उज्ज्वला गृह के संचालन की ज़िम्मेदारी ग्रामीण समाज कल्याण विकास मंच, पलामू को मिली है.
इसके लिए आज बिरसा नगर, शाहपुर वार्ड नम्बर 33, मेदिनीनगर नगर निगम में उज्ज्वला गृह का उद्घाटन किया गया है. उज्ज्वला गृह इस नाते भी अत्यंत महत्वपूर्ण है क्योंकि इसे गढ़वा, पलामू तथा लातेहार तीनो जिले के तस्करी मुक्त महिलाओं एवं बच्चों के पुनर्वास हेतु बनाया गया है.
उन्होंने बताया आम तौर पर देखा गया है कि गरीबी, अशिक्षा, बंधुआ मजदूरी, देह व्यापार, सामाजिक असमानता इत्यादि के रूप में मानव तस्करी की जाती है. इसे रोकने के लिए जिला प्रशासन के सभी विभाग साथ में समन्वय बनाकर कार्य करने हेतु कटिबद्ध है. इसके अलावा अनैतिक तस्करी निवारण अधिनियम 1956 तथा भारत में बंधुआ मजदूर उन्मूलन अधिनियम 1976 जैसे अधिनियम मानव तस्करी को रोकने के लिए बनाए गए हैं.
मौके पर ग्रामीण समाज कल्याण विकास मंच के सचिव हसमत रब्बानी ने बताया कि तस्करी मुक्त महिलाओं एवं बच्चों के लिए बनाये गए उज्ज्वला गृह में कुल 18 कमरों के साथ साथ शौचालय तथा किचन बनाया गया है. उन्होंने बताया कि उज्ज्वला गृह में तस्करी मुक्त महिलाओं एवं बच्चों को सारी सुविधा दी जाएगी.
मौके पर प्रशिक्षु आईएएस सह सहायक दण्डाधिकारी दिलीप प्रताप सिंह शेखावत के अलावा ग्रामीण समाज कल्याण विकास मंच के सचिव हसमत रब्बानी, ग्रामीण समाज कल्याण विकास मंच की प्रबन्ध निदेशक स्वर्णलता रंजन, जिला समाज कल्याण कार्यालय के कामदेव पासवान सहित अन्य मौजूद थे.

