रांची:- पूर्व मुख्यमंत्री सह भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रघुवर दास ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ हर्षवर्धन से फोन पर बात कर झारखंड में मेडिकल कॉलेज में नामांकन के लिए छूट देने का आग्रह किया है. उन्होंने कहा कि राज्य में तीन मेडिकल कॉलेज बनकर तैयार है, लेकिन पिछले एक साल में राज्य सरकार ने कुछ शर्तों को पूरा नहीं किया है, जिसके कारण नेशनल मेडिकल कमीशन ने नामांकन की अनुमति नहीं दी है. इससे झारखंड के छात्रों का भविष्य अधर में लटक गया है. उन्हें कहा कि विशेष परिस्थिति में झारखंड के छात्रों के लिए यह छूट दी जाए. तीनों मेडिकल कॉलेज में 100-100 सीटों के लिए नामांकन हो सकेगा.
इससे पहले आज उनसे राज्य के मेडिकल के छात्रों का प्रतिनिधिमंडल मिलने आया. इसमें उन्होंने दास से सहयोग करने का आग्रह किया. छात्रों ने बताया कि पहले भी शर्ते पूरी नहीं करने के कारण एमसीआइ ने राज्य के नवनिर्मित मेडिकल कॉलेज में नामांकन पर रोक लगायी थी, लेकिन तब 2019 में तत्कालीन सरकार इस मामले में सुप्रीम कोर्ट गयी और तीन माह में शर्तों के पूरी करने के आलोक में नामांकन की अनुमति दी. इसके बाद राज्य में सरकार बदल गयी. लेकिन वर्तमान सरकार ने उन शर्तों को पूरा करने के लिए कोई कदम नहीं उठाया. इससे इस वर्ष भी नामांकन पर रोक लग गयी.
दास ने उच्चतम न्यायालय के वरिष्ठ अधिवक्ता अजीत कुमार से टेलीफोन पर बात कर मामले को फिर से उच्चतम न्यायालय में ले जाने को कहा. इस बार राज्य सरकार पार्टी नहीं बनती है, तो छात्रों की ओर से याचिका दायर की जायेगी.
प्रतिनिधिमंडल ने दास के प्रयास के लिए उनको धन्यवाद दिया. इस दौरान रांची के सांसद संजय सेठ, छात्र विशाल कुवर, गौरव, प्रियांषु कुमारी, प्रेरणा, रानी समेत अन्य छात्र व उनके अभिभावक उपस्थित थे.

