रांची: एक ओर राजधानी में लगातार हो रही बारिश से लोग परेशान हैं, दूसरी ओर जलजमाव भी एक बड़ी समस्या बनकर सामने आया है. हालांकि, राजधानी के लोगों के लिए यह समस्या कोई नयी नहीं है, हर साल बरसात में लोगों को इस तरह की समस्याओं से जूझना पड़ता है.
बारिश की वजह से राजधानी के कई इलाकों में पानी जमा हो गया है, यहां तक की लोगों के घरों में भी पानी घुस गया है और सड़कें तालाब में तब्दील हो गई है. कुछ ऐसे ही हालात वार्ड संख्या 7 में भी देखा जा रहा है.
कोकर स्थित खोरहा टोली मरियम कॉलोनी के सड़क पर वर्षों से जलजमाव की समस्या बनी हुई है. जिससे लोगों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.
लंबे समय से इस समस्या से निजात नहीं मिलने एवं ठोस पहल नहीं किये जाने से स्थानीय लोगों में अधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों के प्रति आक्रोश है.
जलजलमाव के कारण सिर्फ वार्ड 7 के लोग ही नहीं बल्कि पूरी रांची ही परेशान हैं. कई इलाकों में तो स्थिति इतनी खराब है कि लोगों को घर से निकल पाना भी मुश्किल हो गया है. इससे संबंधित लोगों ने शिकायत भी की है लेकिन कोई देखने और सुननेवाला नहीं है.
शहर के प्रमुख सड़कें जलजमाव के कारण लबालब हो गयी हैं. कई मोहल्ले में जलजमाव हो गया है, रास्तों पर पानी भरा है. जिससे लोगों को कई परेशानियों का लगातार सामना करना करना पड़ रहा है. नाली की व्यवस्था नहीं होने के कारण बरसात और घरों का पानी सड़कों पर बहता रहता है.
स्थानीय लोग अपने स्तर पर नाली का निर्माण भी किया था, जिसे असामाजिक तत्त्वों द्वारा तोड़ दिया गया. स्थानीय लोंगों द्वारा कई बार जनप्रतिनिधियों से इसकी शिकायत की गई लेकिन किसी नें इसकी सुध नहीं ली.
स्थानीय लोंगों का कहना है कि जहां एक ओर प्रधानमंत्री स्वच्छता को लेकर आम लोगों को जागरूक करने में लगे हैं, वहीं, दूसरी ओर प्रतिनिधियों एवं अधिकारियों की उदासीनता के कारण कई वर्षों से सड़क पर जल जमाव की समस्या विकराल बनी हुई है.
उक्त मामले को लेकर नगर आयुक्त मनोज कुमार ने कहा है कि लोग भी सिविक सेंस का इस्तेमाल नहीं करते हैं. नालियों में ही जूता, चप्पल, प्लास्टिक सब डाल देते हैं. इससे नालियां भी जाम हो जाती हैं.
वहीं, शहर का इंफ्रास्ट्रक्चर भी जलजमाव निकासी को लेकर दुरुस्त नहीं है क्योंकि एक प्लांनग के तहत नालियों का निर्माण नहीं हुआ है. इस वजह से जलजमाव होता है.
उन्होंने बताया कि जलजमाव वाले इलाके में जनरेटर के माध्यम से पानी को निकाला जाता है, लेकिन यह व्यवस्था तत्काल के लिए है. जलजमाव एकदम नहीं होगा, यह कहना सही नहीं है. रांची जिस तरीके से बसा है जलजमाव की स्थिति कुछ क्षेत्रों में होगी ही.

