ब्यूरो चीफ,
रांची: हम राजधानी रांची में रहते हैं. टीम इंडिया के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धौनी की पत्नी ने राजधानी की बिजली की स्थिति पर ट्वीट क्या किया, पूरा महकमा सफाई देने में जुट गया. पर राजधानी में 24 घंटे बिजली देने की सरकारी घोषणाएं, महज घोषणा तक ही सीमित रह गयी है. वहीं बिजली के बाद पानी की स्थिति भी दयनीय ही है. सरकार बार-बार कहती है कि राजधानी में 24 घंटे बिजली की आपूर्ति होगी, वहीं मार्च 2020 से गांवों में भी बिजली 24 घंटे दी जायेगी. पर सरकार की यह घोषणाएं कोरी कल्पनाओं पर ही आधारित हैं, जिससे जनता 19 वर्षों से सुनती आ रही है. न तो बिजली की आधारभूत संरचना में बदलाव हुआ है और न ही जलापूर्ति की कोई वैकल्पिक व्यवस्था की गयी है.
दो दिनों से हटिया डैम से जलापूर्ति ठप है.
BNN संवाददाता, ने जब कार्यपालक अभियंता रियाज आलम से यह पूछा कि दो दिन से पानी नहीं मिल रहा है, उन्होंने कहा कि अखबार नहीं देखा है क्या- हटिया डैम के 1000 मिमी जलापूर्ति पाइपलाइन में फ्लो मीटर लग रहा है. काफी स्पीड में काम कराया गया, तो 28 घंटे में फ्लो मीटर फीट हुआ है. अब इससे पता चलेगा कि हटिया डैम से कितना पानी शहर के 19 वार्ड में सप्लाई हो रहा है. पानी की आपूर्ति नहीं होने से पर्व त्योहार के मौसम में हाहाकार सा मचा है. डैम से 10 मिलियन गैलन पानी की आपूर्ति शहर के चार लाख की आबादी की जरूरत को पूरा करने के लिए की जाती है. यह आबादी दो दिनों से वैकल्पिक स्त्रोतों पर पूरी तरह निर्भर है. पानी की आपूर्ति कब होगी, यह किसी को नहीं मालूम है.
वहीं बिजली की स्थिति भी ठीक ऐसी ही है. झारखंड ऊर्जा संचरण निगम लिमिटेड की तरफ से रोजाना यह विज्ञापन छापा जाता है कि फलां जगह पर बिजली नहीं रहेगी. शनिवार को भी ऐसा ही कुछ किया गया है. सार्वजनिक सूचना दी गयी है कि 132/33 केवीए हटिया ग्रिड सब स्टेशन में मरम्मत का काम चल रहा है. इसको लेकर चार घंटे बिजली नहीं रहेगी. पावर ट्रांसफॉरमर बंद रहेगा, जिससे कांके, धुर्वा, अरएंडी सेल और अरगोड़ा फीडर पूरी तरह बंद रहेगा. इसके अधीन आनेवाले मुहल्लों में बिजली भी नहीं रहेगी.

