रांची: राज्य के कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता मंत्री बादल ने कहा है कि राज्य की जनता का भरोसा कायम रखेंगे, उनका भरोसा टूटने नहीं देंगे, मतदाताओं से किए वादों को हमने अपने बजट में जगह दी है. आगामी वित्त वर्ष में इसे जमीन पर उतारने का भी काम कर रहे हैं, कर्ज का बोझ जो राज्य में बढ़ा है पिछले 4 वर्षों में उसे हम संसाधनों के सदुपयोग से ठीक करेंगे.
उन्होंने कहा कि बजट किसानों के लिए राहत से भरा हुआ है. किसानों के ऋण माफी की बात हमारे घोषणा पत्र में थी, जिसे हेमंत सोरेन की सरकार ने लागू करने का काम किया है, हमने अपने बजट में कृषि ऋण राहत योजना के नाम से दो हजार करोड़ रुपए का उपबंध किया है.
धान उत्पादन एवं बाजार सुलभता नाम की नई योजना की शुरुआत भी की गई है, जिसके लिए 200 करोड़ों रुपए का उपबंध किया गया है. पशु स्वास्थ्य के बेहतरी के लिए उन्नत डायग्नोस्टिक एवं अन्य परीक्षण प्रयोगशाला का अधिष्ठापन करने की नई योजना की भी शुरुआत की गई है.
मत्स्य पालन का लक्ष्य 2.35 लाख मीट्रिक टन रखा गया है. प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के स्वरूप में बदलाव करते हुए वर्ष 2020 के खरीफ मौसम से झारखंड राज्य किसान राहत कोष सृजित करने की योजना के तहत 100 करोड़ का प्रावधान किया गया है. हमारी सरकार की प्राथमिकता है कि सही समय पर आम लोगों तक उनका अधिकार पहुंच सके जिसके लिए हमारा पूरा विभाग कटिबद्ध है.

