नयी दिल्लीः CAA और NRC को लेकर केन्द्रीय कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद ने शनिवार को एक कार्यक्रम के दौरान विपक्षी पार्टियों पर जमकर हमला बोला. उन्होंने कहा कि “मैं अपने लिबरल वामपंथी दोस्तों को कहना चाहता हूं कि हमें हराएं और अपनी सरकार बना लें. आप हमें सेक्यूलरिज्म, समावेश और मानवाधिकार नहीं सिखा सकते.
क्या आपने कभी आतंकवाद के शिकार लोगों के मानवाधिकार की बात की या फिर कट्टरपंथी हिंसा के शिकार लोगों के मानवाधिकार की बात की? कभी नहीं.”
सीएए को लेकर जारी विवाद पर केन्द्रीय मंत्री ने कहा कि “कुछ लोग कह रहे हैं कि कागज नहीं दिखाएंगे. ठीक है, लेकिन वो अयोध्या में राम लला के जन्म के सबूत मांग रहे थे, जबकि हजारों सालों से दुनिया ये मानती है. यह दोहराव, पाखंड और बौद्धिक बेईमानी है.”
केन्द्रीय मंत्री ने गुजरात के केवड़िया में एक कार्यक्रम के दौरान लोगों को संबोधित करते हुए उक्त बातें बोलीं. इससे पहले शुक्रवार को भी एक रविशंकर प्रसाद ने एक प्रस कॉन्फ्रेंस के दौरान कांग्रेस पार्टी और इसके नेतृत्व पर तीखा हमला बोला था. केन्द्रीय मंत्री ने कांग्रेस नेताओं के बयानों को लेकर नाराजगी जाहिर की और इन्हें भड़काऊ बताया.
केन्द्रीय मंत्री ने कहा कि सोनिया जी आप अपनी टिप्पणियों को देखिए जो आपने रामलीला मैदान में कहा था- ‘इस पार या उस पार.’ ये कौन सा राजधर्म है सोनिया जी। आपने लोगों में उत्तेजना क्यों फैलायी? उन्होंने कहा कि आप करें तो ठीक लेकिन हम उसी बात को करें तो उस पर लोगों को उकसाया जाए. ये कौन सा राजधर्म है सोनिया जी?
दिल्ली हिंसा के दौरान भड़काऊ बयान के आरोप में घिरे भाजपा नेता कपिल मिश्रा को लेकर रविशंकर प्रसाद ने कहा कि वरिष्ठ नेताओं ने ऐसे बयानों की भर्त्सना की है और पार्टी इस पर कार्रवाई करेगी. ताहिर हुसैन पर आईबी कर्मचारी की हत्या और दंगा भड़काने का आरोप है ऐसे में कपिल मिश्रा से उन आरोपों की तुलना नहीं की जा सकती.

