जम्मू: कश्मीर में नियंत्रण रेखा (एलओसी) पर पाकिस्तानी सेना आतंकियों की घुसपैठ कराने के लिए लगातार फायरिंग कर रही है. क्योंकी आतंकी संगठनों की कमर टूट चुकी है और वो अपनी उपस्थिति महसूस कराने के लिए वह पांच अगस्त को बड़ा हमला कर सकते हैं.
मंगलवार को उसने पुंछ, राजोरी से लेकर कुपवाड़ा तक गोलाबारी की थी. नौशेरा में उसकी घुसपैठ की कोशिश को नाकाम करते हुए सेना ने दो घुसपैठियों को मार गिराया था.
पिछले एक महीने में पाकिस्तान एलओसी पर 40 से अधिक बार आतंकियों की घुसपैठ कराने की कोशिश कर चुका है. इस प्रयास में कई आतंकी मारे भी जा चुके हैं. पुंछ, राजोरी, कुपवाड़ा, बारामुला सेक्टर में एलओसी पर पाकिस्तान पिछले एक महीने में 70 से अधिक बार संघर्ष विराम का उल्लंघन कर चुका है.
सूत्र बताते हैं कि सुरक्षाबलों के पास इस बात के पुख्ता सबूत हैं कि पाकिस्तान अनुच्छेद 370 हटने की पहली वर्षगांठ पर 5 अगस्त को प्रदेश में बड़े आतंकी हमले की फिराक में है. ऐसे में आतंकी कश्मीर में माहौल खराब करना चाहते हैं.
नौशेरा से कश्मीर तक पहुंचने का रूट पुराना
जम्मू में सेना के प्रवक्ता का कहना है कि नौशेरा के कलाल सेक्टर में आतंकी अधिक घुसपैठ की कोशिश कर रहे हैं. कुछ दिन पहले मेंढर में भी ऐसा ही प्रयास किया गया. नौशेरा में इस समय काफी घनी झाड़ियां हैं. आतंकी घुसपैठ की कोशिश करते हैं.
आतंकियों का नौशेरा से कालाकोट और फिर माहौर से कश्मीर तक जाने का पुराना रूट रहा है. इसलिए वह इस क्षेत्र से अधिक घुसपैठ का प्रयास कर रहे हैं. कश्मीर में आतंकियों के पास अपने आका नहीं हैं. इसलिए पाकिस्तान से आतंकियों को भेजने का प्रयास हो रहा है. इसमें पाकिस्तानी सेना भी गोलाबारी कर उनकी मदद कर रही है.

